Posted On:Saturday, April 4, 2020

Food Distribution



भा.कृ.अनु.प.-राष्ट्रीय कृषि उपयोगी सूक्ष्मजीव ब्यूरो, मऊ

कोरोना से बचाव के लिये 21 दिन के लाॅकडाउन के बीच दिहाड़ी मजदूर परिवारों के समक्ष रोजी-रोटी का संकट उत्पन्न हो गया है।

ऐसे समय में भा.कृ.अनु.प.-राष्ट्रीय कृषि उपयोगी सूक्ष्मजीव ब्यूरो, मऊ के वैज्ञानिको, कर्मचारीयों एवं शोधार्थियों द्वारा ब्यूरो के निदेशक डा. अनिल कुमार सक्सेना की प्रेरणा एवं नेतृत्व से संस्थान के आस-पास स्थित दलित बस्तियों में प्रतिदिन भोजन उपलब्ध कराया जा रहा हैं। गांव वालों ने सोशल डिस्टंेसिंग तथा सैनिटाइजेशन का प्रयोग किया एवं गांव वालों को कोरोना से बचाव हेतु इसका महत्व बताया गया।

ब्यूरो का मंत्र है कि कोरोना का खतरा तभी टलेगा जब लोग भूख से बचेंगे और लाॅकडाउन का पालन करेंगें।

इस कार्य हेतु ब्यूरो परिवार के सदस्यों के आर्थिक सहयोग से एक अन्न भण्डार की स्थापना की गई और प्रतिदिन ब्यूरो के सदस्यों द्वारा परिसर में ही भोजन पकाकर कुशमौर, हरपुर, कहिनौर, एवं पिपरीडीह स्थित दलित बस्तियों में भोजन के पैकेट वितरित किये जा रहे है जिससे इन बस्तियों के लगभग 275 परिवारों को भोजन उपलब्ध हो रहा है। यह कार्यक्रम लाॅकडाउन की अवधि 14 अप्रैल तक चलेगा।

इसके साथ ही जिला प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन हेतु ब्यूरो के वैज्ञानिक उनकी आवश्यकतानुसार सैनिटाइजर का र्निमाण कर उपलब्ध करा रहे है एवं अब तक 300 लीटर सैनिटाइजर वितरित किया जा चुका है एवं इसके समुचित प्रयोग हेतु ब्यूरो द्वारा प्रशासन को स्प्रेयर प्रदान किये गये है।